लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने चुनावी तैयारियों को तेज कर दिया है। पार्टी ने बुधवार को प्रदेश के सभी बूथ अध्यक्षों के विशाल सम्मेलन के जरिए संगठन की जमीनी ताकत को मजबूत करने का संदेश दिया।
“मेरा बूथ सबसे मजबूत, बूथ जीता तो चुनाव जीता” के मंत्र के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक सहित सरकार और संगठन के कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। सम्मेलन में बूथ अध्यक्षों को विशेष सम्मान देकर पार्टी ने साफ संकेत दिया कि आगामी चुनाव में बूथ स्तर का संगठन उसकी सबसे बड़ी ताकत होगा।
भाजपा ने प्रदेश के सभी बूथों को चुनावी रणनीति का केंद्र बनाया है। उत्तर प्रदेश में 403 विधानसभा सीटों के लिए 1918 मंडलों के अंतर्गत कुल 1,77,516 बूथ हैं। पार्टी का मानना है कि मजबूत बूथ प्रबंधन के जरिए चुनावी सफलता का रास्ता आसान किया जा सकता है।
कार्यक्रम के दौरान बूथ सत्यापन अभियान की समीक्षा भी की गई। पार्टी नेताओं ने बूथ अध्यक्षों से मतदाताओं से लगातार संपर्क बनाए रखने, सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने और संगठन को और मजबूत करने का आह्वान किया।
भाजपा की प्रदेश टीम की पहली बैठक में ही बूथ अध्यक्ष सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया गया था। इसके बाद सभी मंत्रियों, सांसदों, विधायकों, जनप्रतिनिधियों और संगठन के पदाधिकारियों को बूथ स्तर पर सक्रिय भूमिका निभाने का निर्देश दिया गया।
राजनीतिक जानकारों के अनुसार भाजपा ने 2027 विधानसभा चुनाव के लिए अभी से संगठनात्मक मोर्चा संभाल लिया है। बूथ स्तर पर सक्रियता बढ़ाकर पार्टी चुनावी मुकाबले में अपनी पकड़ मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है।
